
एलोवेरा.
Aloe vera
अरब प्रायद्वीप का एक CAM रसीला पौधा (Aloe vera), जो जेल से भरी पत्तियों में पानी जमा करता है। इसे ज़्यादातर घरेलू पौधों से कहीं अधिक रोशनी चाहिए और गीले मिश्रण में यह जल्दी सड़ जाता है।
इसे स्वस्थ कैसे रखें?
रोशनी और जगह
इसे रोज़ कम से कम 4–6 घंटे की तेज़ रोशनी दें, आदर्श रूप से दक्षिणी या पश्चिमी खिड़की की सिल पर (दक्षिणी गोलार्ध में उत्तरी)। कम रोशनी में यह खिंचकर चपटा हो जाता है; इसे 1–2 हफ़्तों में धीरे-धीरे धूप में ले जाएँ, वरना यह लाल-भूरा झुलस जाता है। भारत की 35–45 °C वाली गर्मियों में पश्चिमी खिड़की पर दोपहर बाद की धूप अनुकूलित पौधे को भी झुलसा सकती है।
पानी और निकास
पानी तभी दें जब किरकिरा मिश्रण पूरी तरह सूख चुका हो, फिर भरपूर पानी देकर निकलने दें; सर्दियों में यह अंतराल हर 3–6 हफ़्ते तक खिंच सकता है। सूखा रखने पर यह 5–10 °C सह लेता है, पर ठंड और गीलापन साथ मिलकर इसका आधार सड़ा देते हैं।
याद रखने की बात
पतली, चपटी, फीकी पत्तियाँ कम रोशनी का संकेत हैं; भरी हुई, सख़्त, धूसर-हरी पत्तियाँ बताती हैं कि रोशनी और सिंचाई सही है।
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